रामगढ़/चौपारण। अवैध कोयला तस्करी की पुख्ता सूचना के बाद चौपारण बॉर्डर पर प्रशासन और पुलिस द्वारा जांच अभियान को तेज कर दिया गया है। बॉर्डर क्षेत्र में अचानक शुरू हुए इस अभियान से कोयला तस्करों में अफरा-तफरी का माहौल बन गया है।
कोयला लदी हर गाड़ी की सख्ती से जांच
जांच अभियान के दौरान चौपारण बॉर्डर से गुजरने वाली सभी कोयला लदी गाड़ियों को रोककर गहन जांच की जा रही है। वाहनों के कागजात, चालान, परिवहन परमिट और कोयले के स्रोत की बारीकी से जांच की जा रही है। बिना वैध दस्तावेज के वाहनों पर कार्रवाई की तैयारी भी की जा रही है।
जांच से तस्करों के उड़ गए होश
अचानक बढ़ी सख्ती से अवैध कोयला तस्करों के होश उड़ गए हैं। सूत्रों की मानें तो कई तस्कर जांच से बचने के लिए अपने वाहनों को रास्ते में ही रोककर सुरक्षित ठिकानों में छुपाने में जुट गए हैं। कुछ वाहन बॉर्डर तक पहुंचने से पहले ही वापस मोड़ दिए गए।
ठिकाने बदलने में जुटे तस्कर
जांच अभियान के कारण तस्कर अपने पुराने रूट और ठिकानों को छोड़कर नए रास्तों की तलाश में लगे हुए हैं। हालांकि प्रशासन का कहना है कि हर संभावित मार्ग पर नजर रखी जा रही है और किसी भी हाल में अवैध कोयला की आवाजाही को बर्दाश्त नहीं किया जाएगा।
लगातार कार्रवाई से तस्करी पर लग सकती है लगाम
प्रशासनिक अधिकारियों का कहना है कि यह अभियान अस्थायी नहीं है, बल्कि लगातार चलाया जाएगा। अवैध कोयला तस्करी पर पूरी तरह से लगाम लगाने के लिए बॉर्डर क्षेत्र में निगरानी और सख्ती और बढ़ाई जाएगी।
तस्करी नहीं होगी बर्दाश्त
चौपारण बॉर्डर पर चल रहा यह सघन जांच अभियान अवैध कोयला तस्करों के लिए साफ संदेश है कि अब किसी भी सूरत में गैरकानूनी कारोबार को पनपने नहीं दिया जाएगा। प्रशासन की इस कार्रवाई से आने वाले दिनों में कोयला तस्करी पर बड़ा असर पड़ने की उम्मीद जताई जा रही है।


