हजारीबाग/ रामगढ़। हजारीबाग जिले के उरीमारी और गिद्दी थाना क्षेत्र में कोयले का अवैध कारोबार पूरे चरम पर है। कोयला तस्कर पुलिस वन विभाग सीसीएल सहित अन्य विभागों को ठेंगा दिखा रहा है। कोयला तस्कर दिन के उजाले में अवैध माइनिंग कर कोयल का भंडारण करता हैं। भंडारित कोयले को रात के अंधेरे में ट्रेलर पर लादकर स्थानीय स्पंज प्लांट में पहुंचा रहा है। कोयला तस्कर सब कुछ खुले रूप से कर रहा है। लेकिन स्थानीय पुलिस प्रशासन कार्यवाही करने के बजाय तमाशबीन बनी हुई है।
उरीमारी और गिद्दी थाना क्षेत्र में संजय और जितेंद्र का चलता है सिक्का
हजारीबाग जिले के उरीमारी और गिद्दी थाना क्षेत्र में जितेंद्र और संजय का सिक्का चलता है। दोनों कोयला तस्कर व्यवस्था को ललकार कर तस्करी कर रहा है। इसके बावजूद उसके कारोबार पर आंख दिखाने वाला कोई नहीं है। गिद्दी में अवैध खनन से निकलने वाले कोयले को स्थानीय प्लांट में पहुंचा जा रहा है। जबकि उरीमारी में अवैध खनन से निकलने वाले कोयले को हजारीबाग एक प्लांट में पहुंचा जा रहा है। अवैध कोयला लदी गाड़ियां कई थाने को क्रॉस कर प्लांट पहुंचती है। लेकिन पुलिस वन विभाग सीसीएल की नजर अवैध कोयला लदे गाड़ियों पर नहीं पड़ती है। जिससे स्पष्ट होता है कि कुख्यात कोयला तस्कर संजय और जितेंद्र की सेटिंग तगड़ा है। ऐसे में कारोबार को नहीं रोका गया तो झारखंड की खनिज संपदा का दोहन लगातार होते रहेगा।


